तेरी दिवानी हूं मुझे इंकार नहीं, कैसे कह दूं कि मुझे प्यार नहीं ये शरारत तो तेरी आँखो की है, मैं अकेली ही गुनहगार नहीं RadheRadheje 5 years ago तेरी दिवानी हूं मुझे इंकार नहीं, कैसे कह दूं कि मुझे प्यार नहीं ये शरारत तो तेरी आँखो की है, मैं अकेली ही गुनहगार नहीं