जो मनुष्य जिस प्रकार से ईश्वर का स्मरण करता है उसी के अनुसार ईश्वर उसे फल देते हैं। कंस ने श्रीकृष्ण को सदैव मृत्यु के लिए स्मरण किया तो
जो मनुष्य जिस प्रकार से ईश्वर का स्मरण करता है
जो मनुष्य जिस प्रकार से ईश्वर का स्मरण करता है
यदि खेत में बीज न डाला जाएं तो कुदरत उसे
ईश्वर की न्याय की चक्की थोड़ी धीमी जरूर चलती है
शुभ प्रभात खिलखिलाती सुबह है ताजगी भरा है सवेरा फूलों
आपके सिवा हम किसी और के कैसे हो सकते हैं,
दुनिया उम्मीद तोड़ सकती है पर दुनिया बनाने वाला नहीं
चल जिंदगी कुछ नया करते हैं जो उम्मीद दूसरों से
लम्हे ये सुहाने साथ हो न हो कल में आज
ये मोह माया एक सपना है शिव का साथ ही
जीवन के 7 सच्चे मंत्र 1 दर्पण, झूठ बोलने नहीं